- मांगों के समर्थन में बैंककर्मियों ने किया प्रदर्शन, 26 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी
मधुपुर/संवाददाता। यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस के आह्वान पर शुक्रवार को आयोजित देशव्यापी बैंक हड़ताल का असर मधुपुर में भी देखने को मिला। हड़ताल के कारण शहर के तमाम बैंक बंद रहे, जिससे ग्राहकों को राशि जमा करने, निकासी सहित अन्य बैंकिंग कार्यों के लिए परेशानी का सामना करना पड़ा। हड़ताल के दौरान बैंककर्मी राजबाड़ी मोड़ स्थित केनरा बैंक के समीप एकत्र हुए और अपनी विभिन्न मांगों के समर्थन में शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से आवाज बुलंद की। बैंककर्मियों ने कहा कि उनकी प्रमुख मांगों में पांच दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था लागू करना तथा सरकार की एकतरफा एवं भेदभावपूर्ण पीएलआई व्यवस्था को वापस लेना शामिल है। साथ ही यूनियनों के साथ द्विपक्षीय वार्ता के माध्यम से पीएलआई व्यवस्था में आवश्यक संशोधन करने की मांग की गई।
बैंककर्मियों ने कहा कि 8 मार्च 2024 को हुए 12वें द्विपक्षीय वेतन समझौते के संयुक्त नोट में पांच दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था लागू करने पर सहमति बनी थी। इसके बावजूद अब तक इस पर निर्णय नहीं लिया गया है। इससे बैंक कर्मचारियों में नाराजगी है। हड़ताली बैंककर्मियों ने सरकार से मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेने की अपील की। साथ ही चेतावनी दी कि यदि मांगों पर जल्द निर्णय नहीं हुआ तो 26 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल का रास्ता अपनाया जा सकता है।
जमीन बंटवारे के विवाद में घर में घुसकर हमला
- लाठी, रॉड व तलवार से मारपीट का आरोप, दो गंभीर घायल
मधुपुर/संवाददाता। करौं थाना क्षेत्र के नागादेरी गांव में निजी जमीन के बंटवारे को लेकर चल रहा विवाद शुक्रवार को हिंसक हो गया। आरोप है कि दूसरे पक्ष के कई लोग हथियारों से लैस होकर एक घर में घुस गए और लाठी, डंडा, रॉड एवं तलवार से हमला कर दिया। घटना में दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जबकि एक अन्य व्यक्ति को भी चोट लगी है। घायलों की पहचान सोहराब मियां और अनाउल अंसारी के रूप में हुई है। वहीं अलाउद्दीन अंसारी के हाथ में गंभीर चोट लगने की बात बताई गई है। घटना की सूचना मिलने के बाद थाना प्रभारी दीपक किशोर भारती के निर्देश पर पुलिस टीम नागादेरी गांव पहुंची और घायलों को इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कमलकरडीह पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर रूप से घायल दोनों लोगों को बेहतर इलाज के लिए देवघर सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया। थाना में दिए आवेदन में पीड़ित पक्ष ने बताया है कि जमीन के बंटवारे को लेकर दोनों पक्षों में विवाद चल रहा था। आरोप है कि बंटवारे की प्रक्रिया के बाद अहले सुबह दूसरे पक्ष के कई लोग हथियारों से लैस होकर उनके घर पहुंचे और घर में घुसकर मारपीट शुरू कर दी। आवेदन में शमीम अंसारी, निसार अंसारी, हदीस मियां, दिल सागर अंसारी, रकीब अंसारी, समसुल मियां और रावण मियां सहित अन्य लोगों पर हमला करने का आरोप लगाया गया है। थाना प्रभारी दीपक किशोर भारती ने बताया कि मामले की बारीकी से जांच की जा रही है। पुलिस ने आरोपित पक्ष के पास से लाठी, डंडा, रॉड एवं एक तलवार बरामद कर थाना लाया है। जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। घटना के बाद गांव में तनाव का माहौल है।
स्मृति दिवस पर मुक्तिबोध व महादेवी वर्मा को किया याद
- जयंती पर विनोबा भावे को भी दी श्रद्धांजलि
मधुपुर/संवाददाता। स्थानीय भेड़वा स्थित राहुल अध्ययन केंद्र में शुक्रवार को प्रसिद्ध प्रगतिशील कवि गजानन माधव मुक्तिबोध एवं कवयित्री महादेवी वर्मा के स्मृति दिवस तथा समाज सुधारक विनोबा भावे की जयंती के अवसर पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान उपस्थित लोगों ने तीनों विभूतियों की तस्वीर पर माल्यार्पण कर श्रद्धासुमन अर्पित किए। मौके पर केंद्र के संरक्षक धनंजय प्रसाद ने गजानन माधव मुक्तिबोध के साहित्यिक योगदान पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि मुक्तिबोध आधुनिक हिंदी साहित्य के प्रभावशाली एवं चिंतनशील कवियों में शामिल थे। उनकी कविताओं में व्यक्ति के आत्मसंघर्ष, समाज के प्रति गहरी संवेदना और परिवर्तन की तीव्र आकांक्षा दिखाई देती है। वे हिंदी की नई कविता आंदोलन के अग्रदूतों में रहे और उन्होंने कविता को बौद्धिक एवं विचारात्मक धरातल पर नई ऊंचाई प्रदान की। उन्होंने कहा कि मुक्तिबोध केवल कवि नहीं, बल्कि एक युग की आवाज थे। उनका साहित्य संघर्ष, विचार और आत्ममंथन का प्रतीक है। महादेवी वर्मा के साहित्यिक योगदान पर चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि वे छायावाद की मजबूत स्तंभ थीं। उन्होंने वेदना और संवेदना को अपनी रचनाओं में प्रभावशाली ढंग से अभिव्यक्त किया। उन्हें ज्ञानपीठ और पद्मविभूषण जैसे सम्मान प्राप्त हुए। वहीं विनोबा भावे को याद करते हुए कहा गया कि वे गांधीवादी सत्याग्रही और महात्मा गांधी के प्रमुख अनुयायी थे। ऐसे महान विभूतियों के विचारों को याद करना समाज के लिए आवश्यक है। कार्यक्रम में अन्य लोगों ने भी अपने विचार रखे।
किशोरियों को बाल अधिकार और तस्करी से बचाव की जानकारी
- जेंडर समानता व बाल विवाह को लेकर भी किया जागरूक
मधुपुर/संवाददाता। मधुपुर अनुमंडल क्षेत्र के पिपरा गांव में शुक्रवार को स्वयंसेवी संस्था आश्रय की ओर से किशोरियों के साथ जागरूकता बैठक आयोजित की गई। बैठक में जेंडर समानता, बाल विकास, बाल अधिकार एवं बाल तस्करी जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक के दौरान किशोरियों को जेंडर समानता के महत्व और समाज में होने वाले भेदभाव के संबंध में जानकारी दी गई। साथ ही उन्हें अपने अधिकारों के प्रति जागरूक करते हुए बाल तस्करी के कारणों, इससे जुड़े जोखिमों और बचाव के उपाय बताए गए। संस्था के प्रतिनिधियों ने किशोरियों से सतर्क एवं सजग रहने की अपील की। इस अवसर पर चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 की जानकारी भी दी गई। बताया गया कि किसी बच्चे के साथ हिंसा, शोषण, बाल तस्करी अथवा किसी अन्य प्रकार की परेशानी या संकट की स्थिति में सहायता के लिए चाइल्ड हेल्पलाइन से संपर्क किया जा सकता है। बैठक में किशोरियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया और अपने विचार एवं अनुभव साझा किए। उन्हें सुरक्षित रहने, अपने अधिकारों को समझने तथा किसी भी विपरीत परिस्थिति में बिना संकोच सहायता लेने के लिए प्रेरित किया गया। संस्था की ओर से बताया गया कि इस तरह की जागरूकता बैठकों का उद्देश्य किशोरियों को उनके अधिकारों के प्रति सजग करना तथा सामाजिक कुरीतियों, हिंसा एवं बाल तस्करी जैसे खतरों से बचाव के प्रति जागरूक करना है।
सड़क दुर्घटना में युवक घायल, पुलिस ने वाहन जब्त किया
मधुपुर/संवाददाता। स्थानीय कॉलेज रोड पर शुक्रवार को सड़क दुर्घटना में 25 वर्षीय युवक गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल युवक की पहचान शहर के आमतल्ला भेड़वां निवासी सोहेल अंसारी के रूप में हुई है। वह एक निजी होटल में काम करता है। बताया जाता है कि दोपहर में सोहेल बाइक से होटल से अपने घर खाना खाने जा रहा था। इसी दौरान सामने से आ रहे एक चार पहिया वाहन ने उसकी बाइक में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक क्षतिग्रस्त हो गई और युवक सड़क पर गिरकर गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद आसपास के लोगों ने तत्काल घायल युवक को इलाज के लिए एक निजी नर्सिंग होम में भर्ती कराया। हालत गंभीर होने के कारण बाद में उसे मधुपुर अनुमंडल अस्पताल लाया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और दुर्घटना में शामिल दोनों वाहनों को जब्त कर थाना ले आई। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। दुर्घटना के कारणों का पता लगाया जा रहा है।
बाल अधिकारों की सुरक्षा को लेकर बनियाडीह में बैठक
- बाल विवाह, बाल मजदूरी व तस्करी के खिलाफ लोगों को किया जागरूक
सारवां/संवाददाता। बनियाडीह गांव में चेतना विकास संस्था की ओर से बाल कल्याण एवं संरक्षण समिति की बैठक आयोजित की गई। आंगनबाड़ी सेविका मनोरमा देव्या की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में बच्चों के अधिकार, शिक्षा का महत्व, बाल विवाह, बाल मजदूरी, बाल शोषण एवं बच्चों के साथ होने वाली हिंसा की रोकथाम को लेकर लोगों को जानकारी दी गई। कार्यक्रम के दौरान बच्चों को सुरक्षित एवं बेहतर वातावरण उपलब्ध कराने तथा स्कूल से बाहर रहने वाले बच्चों को शिक्षा से जोड़ने पर चर्चा की गई। साथ ही जरूरतमंद बच्चों की पहचान कर उन्हें सरकारी योजनाओं एवं आवश्यक सेवाओं से जोड़ने की बात कही गई। बैठक में बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम के प्रावधानों की जानकारी देते हुए बताया गया कि बाल विवाह करने, उसमें सहयोग करने अथवा विवाह में शामिल होने वालों के विरुद्ध दंडात्मक कार्रवाई का प्रावधान है। इसमें दो वर्ष तक की सजा एवं एक लाख रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान बताया गया। इसके अलावा पोक्सो एक्ट, बाल श्रम, बाल तस्करी और बच्चों के अधिकारों से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। उपस्थित लोगों को चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098, आपातकालीन सेवा 112 सहित अन्य उपयोगी नंबरों की जानकारी भी दी गई। कार्यक्रम के अंत में बाल विवाह एवं बाल शोषण मुक्त समाज के निर्माण के लिए उपस्थित लोगों ने सामूहिक रूप से शपथ ली। मौके पर चेतना विकास के संस्था प्रतिनिधि चंदन कुमार राम, आंगनबाड़ी सेविका मनोरमा देव्या, सहायिका कांति देवी सहित विभिन्न ग्रामीण उपस्थित थे।
सारठ में प्रखंड स्तरीय खेलो झारखंड प्रतियोगिता शुरू
- विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने प्रतियोगिताओं में लिया हिस्सा
सारठ/संवाददाता। झारखंड शिक्षा परियोजना परिषद, रांची के निर्देश के आलोक में शुक्रवार को गोपीबांध उच्च विद्यालय के प्रांगण में प्रखंड स्तरीय खेलो झारखंड प्रतियोगिता का शुभारंभ हुआ। तीन दिवसीय प्रतियोगिता 11 से 13 सितंबर तक आयोजित की जा रही है। उद्घाटन सारठ प्रमुख गौतम कुमार रवानी, प्रखंड विकास पदाधिकारी चंदन कुमार सिंह, झामुमो नेता इश्तियाक मिर्जा एवं बीपीओ उदय शंकर सिंह ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया। प्रतियोगिता में सारठ प्रखंड के विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने हिस्सा लिया और विभिन्न खेल स्पर्धाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। पहले दिन बालिका वर्ग की 100 मीटर दौड़ में यूएमएस नौनी की अंजलि किस्कु ने प्रथम, प्लस टू विद्यालय कुकराहा की पार्वती कुमारी ने द्वितीय तथा केजीबीभी सारठ की पूजा कुमारी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। अन्य स्पर्धाओं में भी छात्र-छात्राओं ने बेहतर प्रदर्शन किया। 200 मीटर, 400 मीटर, 800 मीटर, 1500 मीटर एवं 3000 मीटर दौड़ के अलावा हाई जंप और लॉन्ग जंप में प्रतिभागियों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। बालक वर्ग में 100 मीटर दौड़ में विरान सोरेन, नमन शाह एवं करण कुमार पंडित ने स्थान बनाया। वहीं 200 मीटर में विजय सोरेन, मुन्ना कुमार राय एवं रंजीत कुमार टुडू ने बेहतर प्रदर्शन किया। 400 मीटर में अर्जुन कुमार, नमन शाह एवं अरविंद पंडित आगे रहे। प्रतियोगिता के सफल संचालन के लिए पंजीयन कार्य में प्रिंस कुमार, चिंतामणि साव, अमित कुमार दास, धर्मेंद्र कुमार, सूरज पांडेय, मनोज कुमार यादव, तरन्नुम आरा, बीणा बसंतसी मुर्मू, आदिक अली मिर्जा, मदन पंडित एवं प्रकाश कापरी शामिल रहे। निर्णायक मंडली में राकेश कुमार, अजीत कुमार दास, शिवनारायण दूबे, मस्तराम, बेबी मंडल एवं आफताब आलम शामिल थे। मौके पर पंचायत समिति सदस्य मिथिलेश कुमार सिन्हा, मुखिया प्रतिनिधि अनिल कुमार राव, शालीग्राम मंडल, बीआरपी मनोज कुमार राय, सीआरपी मनोज कुमार सिंह सहित अन्य बीआरपी-सीआरपी, अभिभावक एवं छात्र-छात्राएं मौजूद थे।
सारवां में खेलो झारखंड प्रतियोगिता का आयोजन
- विभिन्न स्पर्धाओं में छात्र-छात्राओं ने दिखाया दमखम, विजेताओं को मिला मेडल
सारवां/संवाददाता। झारखंड शिक्षा परियोजना के तहत प्रखंडस्तरीय स्टेडियम सारवां में शुक्रवार को दो दिवसीय खेलो झारखंड प्रतियोगिता 2026 का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता का संचालन बीइइओ अमिताभ झा की देखरेख में हुआ। इसमें प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न विद्यालयों के छात्र-छात्राओं ने भाग लेकर विभिन्न खेल स्पर्धाओं में अपनी प्रतिभा और कौशल का प्रदर्शन किया। बालिका वर्ग की 100 मीटर दौड़ में कस्तूरबा गांधी बालिका विद्यालय की कोमल कुमारी ने प्रथम, प्लस टू विद्यालय सारवां की करिश्मा कुमारी ने द्वितीय तथा उत्क्रमित उच्च विद्यालय बंदाजोरी की परी कुमारी ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। वहीं बालक वर्ग की 100 मीटर दौड़ में प्लस टू विद्यालय सारवां के रूपेश कुमार वर्मा प्रथम, मध्य विद्यालय बगीचा के राजू कुमार यादव द्वितीय और मध्य विद्यालय सारवां के पीयूष कुमार वर्मा तृतीय रहे। 200 मीटर बालिका वर्ग में अंजू कुमारी, स्वीटी कुमारी एवं रिंकी कुमारी ने बेहतर प्रदर्शन किया। 400 मीटर बालिका वर्ग में केजीबीए की रुक्मिणी कुमारी ने प्रथम, प्लस टू सारवां की निशु कुमारी ने द्वितीय तथा प्लस टू लखोरिया की हसीबा खातून ने तृतीय स्थान हासिल किया। 800 मीटर बालिका वर्ग में प्लस टू विद्यालय सारवां की रीना कुमारी प्रथम, प्लस टू विद्यालय लखोरिया की राधा कुमारी द्वितीय तथा मध्य विद्यालय लखोरिया की सीता कुमारी तृतीय रहीं। लॉन्ग जंप में अंजू, कोमल एवं सुलोचना ने बेहतर प्रदर्शन कर स्थान बनाया। प्रतियोगिता के दौरान विजेता प्रतिभागियों को मेडल प्रदान कर उनका उत्साहवर्धन किया गया। प्रतियोगिता के सफल संचालन में बीपीओ मनोज मंडल, प्रशिक्षक भोला यादव तथा संबंधित विद्यालयों के खेल शिक्षकों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
चार साल की मासूम से दरिंदगी, आरोपी गिरफ्तार
- पोक्सो एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज, मेडिकल जांच के लिए देवघर ले जाने की तैयारी
चितरा/संवाददाता। थाना क्षेत्र के एक गांव में मानवता को शर्मसार कर देने वाली घटना सामने आई है। यहां एक शादीशुदा युवक पर शराब के नशे में चार वर्षीय मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म करने का आरोप लगा है। घटना के बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए करीब 35 वर्षीय आरोपी नरेश सोरेन को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है। वहीं, पीड़िता की मां के लिखित आवेदन के आधार पर चितरा थाना में पोक्सो एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। बताया जाता है कि घटना बीते 8 सितंबर की सुबह करीब आठ बजे की है। पीड़िता की मां के अनुसार, वह अपनी चार वर्षीय बेटी और एक वर्षीय पुत्र को घर में छोड़कर शौच के लिए बाहर गई थी। कुछ देर बाद जब वह वापस लौटी तो आरोपी उसके घर से बाहर निकलता दिखाई दिया। आरोप है कि आरोपी ने बच्ची की मां से अपनी गलती के लिए माफी भी मांगी। इधर, घर के अंदर मासूम बच्ची रो रही थी। परिजनों के अनुसार, बच्ची पहले से बीमार थी। घटना के बाद उसकी तबीयत में सुधार होने के बजाय वह और अधिक डरी-सहमी रहने लगी। बच्ची के पिता मजदूरी के सिलसिले में बैंगलोर में हैं। इसके बाद बच्ची की मां अपने पिता को बुलाकर उसे इलाज के लिए पालोजोरी ले गई। इलाज के बावजूद बच्ची की हालत में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ। बाद में मां ने बच्ची से प्यार से पूछताछ की तो उसने पड़ोस में रहने वाले आरोपी के संबंध में जानकारी दी और उसके साथ हुई घटना के बारे में बताया। इसके बाद परिजनों ने मामले की सूचना पुलिस को दी। सूचना मिलते ही पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया तथा आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी। इधर, पुलिस द्वारा पीड़ित बच्ची को मेडिकल जांच के लिए देवघर ले जाने की प्रक्रिया की जा रही थी। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है तथा बच्ची के बयान और मेडिकल रिपोर्ट समेत अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
सिविल सर्जन ने किया पालोजोरी सीएचसी का निरीक्षण
- बीपीएम और बैम की मिली शिथिलता
- बसाहा उप स्वास्थ्य केंद्र पाया बंद, प्रभारी को दिए कई निर्देश
पालोजोरी/संवाददाता। देवघर के सिविल सर्जन डॉ. शिव प्रसाद मिश्रा ने शुक्रवार को पालोजोरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने अस्पताल में उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं और व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के क्रम में ओपीडी, वार्ड, लेबर रूम, कोल्ड चेन, बीपीएमयू, स्टोर रूम, टीकाकरण कक्ष, एमटीसी, दंत सेवा कक्ष, ऑपरेशन थिएटर एवं लैब का बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित कर्मियों से व्यवस्थाओं की जानकारी लेते हुए प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. लियाकत को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान सिविल सर्जन ने बीपीएम और बीएएम की कार्यशैली में शिथिलता पाई। इसे लेकर उन्होंने आवश्यक सुधार करने का निर्देश दिया। वहीं प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी ने भी दोनों के ढीले-ढाले रवैये को लेकर सिविल सर्जन के समक्ष अपनी नाराजगी व्यक्त की। सीएस ने स्वास्थ्य सेवाओं के संचालन में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतने की हिदायत दी। टीकाकरण व्यवस्था की समीक्षा करते हुए सिविल सर्जन ने कहा कि पालोजोरी प्रखंड के सभी 174 आंगनबाड़ी केंद्रों पर नियमित रूप से टीकाकरण सुनिश्चित किया जाना चाहिए। इसके लिए सीएचसी में अन्य कार्यों में लगे एएनएम को भी आवश्यकता के अनुसार टीकाकरण कार्य में लगाया जाए। उन्होंने हाई रिस्क प्रेग्नेंसी के मामलों की समय पर पहचान करने तथा लोकल डिलीवरी मैनेजमेंट से लेकर जरूरत पड़ने पर रेफरल तक की व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। स्टोर रूम के निरीक्षण के दौरान रखे कई आवश्यक उपकरणों को उपयोग में नहीं लाए जाने पर सीएस ने संबंधित कर्मियों को उन उपकरणों का इस्तेमाल सुनिश्चित करने को कहा। वहीं एमटीसी को प्रभावी एवं उपयोगी बनाने के लिए बाल विकास परियोजना कार्यालय से समन्वय स्थापित कर कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया। सीएचसी पहुंचने से पहले सिविल सर्जन ने बसाहा एवं तालगढ़ा उप स्वास्थ्य केंद्र का भी निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान बसाहा उप स्वास्थ्य केंद्र बंद पाया गया। इस पर उन्होंने संबंधित प्रभारी को आवश्यक निर्देश देते हुए स्वास्थ्य केंद्रों में नियमित रूप से सेवाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया।
निरीक्षण के बाद सिविल सर्जन ने कहा कि सीएचसी में जरूरत के अनुसार लोगों को स्वास्थ्य सेवाएं मिल रही हैं या नहीं, इसका आकलन किया गया है। जिन कर्मियों की लापरवाही सामने आएगी, उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। मौके पर चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. नित्यानंद चौधरी, डेंटिस्ट आकाश राज सिंह, सुमित चक्रवर्ती, बीपीएम प्रमोद कुमार, बीएएम अमित सिंह, एमटीएस गौतम कुमार, बीडीएम आशुतोष, गिरीश कुमार, रोहित, रोशन साह सहित अन्य स्वास्थ्यकर्मी मौजूद थे।