19 अगस्त की रात में हुई वारदात, 20 अगस्त की रात में हुई जानकारी
रांची से पहुंची एफएसएल की टीम, एकत्र किये गये फारेंसिक एविडेंस
दुमका/निज संवाददाता। दुमका के मुफस्सिल थाना क्षेत्र के चोरकट्टा गांव में एक दंपति की उसके घर में हत्या कर दी गई। मंगलवार की रात करीब 11 बजे हुए इस दोहरा?े हत्याकांड का पता लगभग 22 घंटे बाद बुधवार की रात नौ बजे तब चला जब बेटे ने पुलिस को अपने माता-पिता का घर में शव मिलने की सूचना दी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक पीताम्बर सिंह खेरवार घटना स्थल पर पहुंचे। स्थल निरीक्षण के पश्चात उन्होंने अधिकारीयों को कई निर्देश दिए। एसपी पीतांबर सिंह खेरवार ने मीडिया को बताया है कि नव गोपाल साहा (62) और उनकी पत्नी बिमू बाला साहा (58) के शव बुधवार को मुफस्सिल थाना क्षेत्र के चोरकाटा गाँव स्थित उनके घर से बरामद किए गए। स्थानीय लोगों के अनुसार, दंपति को मंगलवार शाम को देखा गया था। एसपी ने बताया, ”उनका बेटा बुधवार रात आया और उसने घर का मुख्य द्वार बंद पाया। वह दूसरे दरवाजे से घर के अंदर गया और अपने माता-पिता को खून से लथपथ पाया।” उन्होंने बताया कि मृतक के बेटे ने पुलिस को घटना की सूचना दी और बुधवार रात करीब नौ बजे पुलिस की एक टीम मौके पर पहुँची। एसपी ने कहा, ”हमने फोरेंसिक साइंस लैबोरेटरी (रांची) की एक टीम को बुलाया है। फोरेंसिक टीम के द्वारा साक्ष्य एकत्र कर लिये गये हैं। फोरेंसिक टीम की जांच के बाद पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया गया है। पुलिस को संदेह है कि दंपति की हत्या में धारदार हथियारों का इस्तेमाल किया गया था, लेकिन हत्याओं के पीछे के मकसद और इसमें शामिल लोगों का अभी पता नहीं चल पाया है। एसपी ने कहा, ”अपराध के मकसद या दंपति की हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियारों के बारे में अभी कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी। हम फिलहाल सभी पहलुओं से मामले की जाँच कर रहे हैं और जल्द ही विस्तृत जानकारी देंगे।” उन्होंने आगे कहा, ”अभी तक परिवार के सदस्यों ने अपने घर से किसी भी सामान की चोरी की शिकायत नहीं की है।” बेटे अजय कुमार साहा के बयान पर पुलिस ने अज्ञात लोगों पर मामला दर्ज किया है।
बेटा और पतोहु पर भी शक की सुई
दुमका। मथुरा साहा के पास काफी जमीन है। दो बेटी की शादी के बाद वे बेटे के साथ रहते थे। सोमवार को बेटा पत्नी के साथ मनसा पूजा में अपनी ससुराल गोड्डा चला गया। बुधवार की शाम करीब आठ बजे लौटा तो दरवाजे में सिटकनी लगी हुई थी। वह दूसरे दरवाजे से अंदर गया तो किचन में मां का शव हाल के समीप और पिता के शव चैकी के अंदर पड़ा हुआ था। शोर मचाने पर आसपास के लोग एकत्र हुए और पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने जांच के बाद घर को बाहर से बंद कर दिया और पुलिस का कड़ा पहरा बिठा दिया। पुलिस की माने तो सोते समय दंपती पर हमला किया गया है। तकिया के साथ बिस्तर पर खून फैला था। बेटे के हत्या के पूर्व घर से बाहर रहने और सिटकनी खोलने के बजाय दूसरे दरवाजे से घर के अंदर जाने को लेकर उसपर भी लोग शक जता रहे हैं।
जान बचाने के लिएस दंपित्त ने किया संघर्ष
दुमका। हत्या से पहले दंपती ने जान बचाने के लिए खूब संघर्ष किया था जिसकी गवाह किचन की दीवार है। दीवारों पर मथुरा साहा के हाथ के निशान साफ दिख रहे थे। हत्यारों ने दोनों पर एक साथ ईंटा और लकड़ी के मजबूत टुकड़े से सिर पर प्रहार किया। महिला की हत्या करने के बाद पति ने भागने का प्रयास किया तो उस पर हमला कर दिया। उसने जान बचाने के लिए दीवार का सहारा लिया और फिर चैकी के नीचे छुपकर जान बचाने का प्रयास किया, लेकिन चाहकर अपनी जान नहीं बचा सका। गुरुवार की दोपहर करीब एक बजे रांची से एफएसएल की टीम घटना स्थल पर पहुंची और साक्ष्य एकत्र किए। पुलिस ने खून के नमूने के अलावा हत्या में प्रयुक्त ईंटा और लकड़ी का एक टुकड़ा जब्त किया। इन चीजों से दंपती पर वार किया गया था।
हत्या के पीछे जमीन विवाद तो नहीं
दुमका। गांव वालों की माने तो मृतक काफी सीधा साधा व्यक्ति था। गांव के लोग उसकी इज्जत करते थे। उसने दो साल पहले अपनी तीन गोतिया के साथ मिलकर उसने लखीकुण्डी पंचायत भवन के पास स्थित करीब 70 लाख की जमीन भी बेची थी जिसमें उसे 15 लाख रुपया मिला था। काफी जमीन का मालिक होने की वजह से उसके घर कुछ जमीन माफिया का भी आना जाना था। कयास लगाया जा रहा है कि जमीन के विवाद में ही दंपती की हत्या की गई है। जिस समय पुलिस अपनी जांच कर रही थी, उस समय कई जमीन माफिया पुलिस की हर हरकत पर नजर रखे हुए थे।
गोतिया के घर दो बार घुसा खोजी कुत्ता
दुमका। बुधवार की रात पुलिस खोजी कुत्ता को लेकर आई। कुत्ता को खून लगी ईंट सुंघाई तो वह सीधे पड़ोस में रहने वाले गोतिया के घर घुस गया। पुलिस ने दूसरी बार प्रयास किया तो कुत्ता उसी घर के अंदर चला गया।पुलिस ने इस बात को गंभीरता से लिया है। हो सकता है कि जल्द पुलिस परिवार के एक युवक व उसके दो बेटों से पूछताछ कर सकती है।
सेवा पखवाड़ा के अंतर्गत रक्तदान भी करेंगे भाजपाई
दुमका/नगर संवाददाता। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिवस 17 सितम्बर से लेकर महात्मा गांधी एवं पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती 2 अक्टूबर तक आयोजित होने वाले ”सेवा पखवाड़ा” के सफल संचालन को लेकर गुरूवार दुमका परिसदन में दुमका एवं जामताड़ा जिला इकाई की संयुक्त कार्यशाला का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता भाजपा दुमका जिलाध्यक्ष गौरवकांत ने किया। कार्यशाला में मुख्य अतिथि के रूप में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष सह नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी तथा प्रदेश उपाध्यक्ष विकास प्रीतम सिन्हा उपस्थित रहे। वहीं झारखंड भाजपा के प्रथम प्रदेश अध्यक्ष अभयकांत प्रसाद एवं दुमका लोकसभा के पूर्व सांसद सुनील सोरेन विशेष रूप से शामिल हुए। बाबूलाल मरांडी ने कहा, ”सेवा पखवाड़ा के अंतर्गत मंडल एवं बूथ स्तर पर स्वच्छता अभियान, रक्तदान शिविर, स्वास्थ्य जांच शिविर, वृक्षारोपण, पोषण जागरूकता अभियान, गरीबों-जरूरतमंदों की सेवा जैसे कार्यक्रम चलाए जाएंगे। उन्होंने जोर देकर कहा कि ”भाजपा का हर कार्यकर्ता सेवा पखवाड़ा को अपने कर्तव्य की तरह अपनाए।” प्रदेश उपाध्यक्ष विकास प्रीतम ने कहा, ”प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का पूरा जीवन राष्ट्र और समाज की सेवा को समर्पित है। सेवा पखवाड़ा, भाजपा कार्यकर्ताओं के लिए मात्र कार्यक्रम नहीं, बल्कि जीवन मूल्य है। प्रत्येक कार्यकर्ता को जन-जन तक सेवा और समर्पण का संदेश लेकर जाना होगा।” बैठक की अध्यक्षता कर रहे जिलाध्यक्ष गौरवकांत ने कहा कि भाजपा कार्यकर्ता सदैव समाजहित में तत्पर रहते हैं और सेवा पखवाड़ा उनके सेवा भाव को और सशक्त बनाने का अवसर है। उन्होंने दोनों जिलों के कार्यकर्ताओं से आग्रह किया कि प्रत्येक कार्यक्रम को जन-आंदोलन का स्वरूप दें। धन्यवाद ज्ञापन जामताड़ा जिलाध्यक्ष सुमित शरण ने किया ।
रामगढ़ में पीडीएस डीलरों को दिया गया प्रशिक्षण
रामगढ़/निज संवाददाता। गुरुवार को रामगढ़ प्रखंड कार्यालय के सभागार में जनवितरण प्रणाली विक्रेताओं का एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। विजन टेक कंपनी के प्रशिक्षक विवेक कुमार के द्वारा विक्रेताओं को प्रशिक्षण दिया गया। उन्होंने बताया कि सितंबर 2025 से पूरे राज्य में स्मार्ट पीडीएस लागू किया जाएगा। जिसमें राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना के तहत वितरण किया जाने वाला लाल एवं पीला कार्ड के अनाज वितरण के लिए ईपोश मशीन में अलग से लांगिन का प्रावधान किया गया है। जबकि राज्य सरकार के द्वारा हरे राशन कार्ड का चावल, दाल, चीनी, एवं धोती, साड़ी का वितरण झारखंड पीडीएस के तहत किया जाएगा। स्मार्ट पीडीएस व्यवस्था लागू होने से लाल, पीला तथा हरा राशन कार्ड को अलग अलग दिन में राशन वितरण करना होगा। साथ ही ई पोश मशीन में अन्य कई तरह की सुविधा दी गई है, जिसकी जानकारी दी गई। बता दें कि पूर्व के इपोश मशीन में स्मार्ट पीडीएस लागू करने में हो रही कठिनाई को देखते हुए दो दिन पहले रामगढ़ के 106 जनवितरण प्रणाली विक्रेताओं को दूसरा 4 जी (पुराना) ईपोश मशीन दिया गया है।
जेपीएससी सफल अभ्यर्थी बबीता कुमारी को आईजी ने किया सम्मानित
दुमका/नगर संवाददाता। झारखंड के आदिम जनजाति माल पहाड़िया समुदाय की बेटी बबीता कुमारी ने इतिहास रचते हुए झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) की परीक्षा में सफलता अर्जित की है। यह उपलब्धि इसलिए भी विशेष है क्योंकि वह अपने समुदाय से इस प्रतिष्ठित परीक्षा में सफलता प्राप्त करने वाली पहली अभ्यर्थी बनी हैं। उनकी इस प्रेरणादायी सफलता पर दुमका रेंज के पुलिस महानिरीक्षक (आईजी) शैलेंद्र कुमार सिन्हा ने आज आईजी कार्यालय में आयोजित एक विशेष सम्मान समारोह में बबीता को सम्मानित किया। समारोह में आईजी ने बबीता को फूलों का गुलदस्ता, पारंपरिक परिधान, एक शॉल तथा पंडित अनूप कुमार वाजपेयी की पुस्तक ”पूर्वी भारत के पहाड़िया एवं दुमका जिला की धार्मिक-सांस्कृतिक-पुरातात्विक झलक” भेंट की। आईजी सिन्हा ने कहा, ”बबीता अपने समाज के लिए एक ज्योति समान हैं। आपके द्वारा अर्जित की गई यह सफलता न केवल आपके परिवार के लिए, बल्कि पूरे माल पहाड़िया समुदाय के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी। आपकी यह उपलब्धि आने वाली पीढ़ियों को आगे बढ़ने का मार्ग दिखाएगी।” बबीता कुमारी ने कहा, ”हमारे समाज की प्रगति में सबसे बड़ी बाधाएँ नशा सेवन और कम उम्र में होने वाले विवाह हैं। मैं इन समस्याओं को दूर करने और अपने समुदाय को शिक्षा और जागरूकता के माध्यम से आगे बढ़ाने का प्रयास करूंगी।” कार्यक्रम में बबीता की मां राखी देवी, दुमका के पुलिस अधीक्षक पीतांबर सिंह खैरवार आदि उपस्थित थे।
रेशम उत्पादन को बढ़ावा देने हेतु ‘सखी मंडल संवाद
दुमका/निज संवाददाता। जिले के रामगढ़ प्रखंड के बिरसा रेशम धागा उत्पादक संघ, भातुडिया में आज ‘सखी मंडल संवाद – रेशम’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में दुमका के उप विकास आयुक्त अनिकेत सचान शामिल हुए। उनके साथ रामगढ़ बीडीओ भी मौजूद थे। इस संवाद कार्यक्रम का उद्देश्य रेशम उत्पादन को बढ़ावा देना, सखी मंडल की आजीविका को सुदृढ़ करना और कॉमन फैसिलिटेशन सेंटर के कार्यों को और प्रभावी बनाना था। कार्यक्रम के दौरान उप विकास आयुक्त महोदय ने इसकी पूरी प्रक्रिया का अवलोकन किया और रेशम धागा उत्पादन से संबंधित मुद्दों पर दीदियों के साथ चर्चा की। उन्होंने उनकी समस्याओं को सुना और आजीविका बढ़ाने के लिए उपयोगी सुझाव दिए। उन्होंने दीदियों के घर जाकर धागा कटाई मशीन से धागा निकालने की प्रक्रिया को देखा और इसे उत्पादन वृद्धि का सशक्त साधन बताया। कार्यक्रम में जेएसवएलपीएस के जिला कार्यक्रम प्रबंधक निशांत एक्का ने रेशम उत्पादन के उद्देश्य और इसके आर्थिक महत्व पर जानकारी साझा की। इस अवसर पर जिला आजीविका प्रबंधक दिवाकर मंडल, प्रखंड कार्यक्रम प्रबंधक प्रदीप रजक, कमल किशोर, शमशेर सिंह, अनिल आदि मौजूद थे।
बाल विकास परियोजना का तीन दिवसीय प्रशिक्षण शुरू
दुमका/नगर संवाददाता। बाल विकास परियोजना दुमका सदर के तत्वाधान में पोषण भी पढ़ाई कार्यक्रम के तहत प्रखंड स्तर पर तीन दिवसीय प्रशिक्षण शुरू किया गया। उद्घाटन सत्र को संबोधित करते हुए सीओ सह सीडीपीओ अमर कुमार ने कहा कि आंगनबाड़ी केंद्र में बच्चों के स्वास्थ्य और पोषण के साथ साथ स्कूल पूर्व शिक्षण कार्य भी सेविकाओं का दायित्व है जिसके लिए गतिविधि आधारित शिक्षा जरूरी है उसी के लिए राज्य स्तर से यह विशेष प्रशिक्षण आयोजित किया गया है ताकि पोषण भी पढ़ाई भी कार्यक्रम के तहत सेविकाओं का क्षमतावर्द्धन किया जा सके। प्रखंड समन्वयक सुजाता कर्ण ने कहा कि प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल एवं शिक्षण पर आधारित यह तीन दिवसीय प्रशिक्षण मुख्य रूप से आंगनबाड़ी सेविकाओं के क्षमतावर्द्धन के लिए है ताकि स्कूली पूर्व शिक्षा के तहत आंगनबाड़ी केंद्र में आने वाले बच्चों को पोषण के साथ साथ खेल खेल में विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से प्रारंभिक शिक्षा से जोड़ा जा सके। राज्य स्तर से उगम एजुकेशन फाउंडेशन से आई प्रशिक्षक विमला टुडू ने प्रशिक्षण मॉड्यूल के अनुसार विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से प्रशिक्षण देने का कार्य किया गया जिसमें बतौर मास्टर ट्रेनर महिला पर्यवेक्षिका कमल हेम्ब्रम और पाले किस्कू ने सहयोग किया। प्रशिक्षण में बाल गीत, बाल कहानी, बाल सुलभ जिज्ञासा, बाल मनोविज्ञान, बच्चों के बीच आपसी मित्रता व सामाजिक भावना विकसित करने तथा मीनार बनाकर खेल खेल में शिक्षण गतिविधि के अलावा भाषा ज्ञान, बौद्धिक विकास और सुनने व बोलने की क्षमता विकसित करने तथा मंद बुद्धि व कमजोर और दिव्यांग बच्चों के प्रति संवेदनशीलता के साथ विशेष रूप से ध्यान एवं उसके अनुरूप गतिविधियां आयोजित कर सबको समान रूप से साथ जोड़ने को लेकर तकनीकी व व्यावहारिक जानकारी दी गई। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में दुमका सदर प्रखंड के विभिन्न आंगनबाड़ी केंद्रों से कुल 50 सेविका भाग ले रही हैं।
जिप सदस्य बिमान सिंह ने जानी सीएचसी में कार्यरत अनुबंध सफाई कर्मी की समस्याएं
रानेश्वर/निज संवाददाता। रानेश्वर प्रखंड मुख्यालय स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (अस्पताल) के सफाई कर्मी के समस्या को लेकर रानेश्वर क्षेत्र के जिप सदस्य विमान सिंह गुरुवार को सीएचसी प्रभारी डॉ से मिलने पहुंचे थे। बिमान सिंह ने प्रेस रिलीज जारी कर बताया कि प्रभारी डॉ अस्पताल मे मौजूद नही नहीं मिले। फोन करने पर पता चला कि प्रभारी डॉ ट्रेनिंग के लिए साहेबगंज जिला गए हुए है। सफाई कर्मियों ने जिप सदस्य के सामने अपनी समस्याओं को सुनाते हुए कहा कि उनलोगों को मात्र 6700 रूपये मानदेय मिलता है। इतना कम मानदेय में परिवार चलाना बहुत मुश्किल हो रहा है। इसके पहले विरसा सिक्योरिटी एजेंसी कंपनी ने 6 महीने का मानदेय नहीं देकर भाग गया। विमान सिंह ने कहा कि प्रभारी डॉ को आने दीजिए। इस मामले पर चर्चा करेंगे। जो कंपनी 6 महीने का मानदेय नहीं दिया है। उसके खिलाफ संबंधित पदाधिकारी को लिखेंगे। उसके बाद भी अगर कार्रवाई नहीं हुआ तो सभी सफाई कर्मी को लेकर कोर्ट जाएंगे। आउटसोर्सिंग के माध्यम से कम वेतन मे काम करवाया जा रहा है। फिलहाल अभी सफाई कर्मी कमांडो आउटसोर्सिंग एजेंसी के द्वारा अल्प मानदेय में काम कर रहै है। इस बात को लेकर कमांडो एजेंसी के सुपरवाइजर से बात हुई। उनको आने के लिए कहा गया। मौके पर भाजपा पार्टी के जिला उपाध्यक्ष रघुनाथ दत्ता , पूर्व मंडल अध्यक्ष निताई भंडारी,गट्टू कमानिया उपस्थित थे।
पारिवारिक कलह से तंग आकर विवाहिता ने दी जान
मसलिया/निज संवाददाता। मसलिया थाना क्षेत्र के दलाही पंचायत अंतर्गत निपनिया गांव में बीती रात एक विवाहिता ने पारिवारिक कलह से तंग आकर अपनी जीवनलीला समाप्त कर ली। जानकारी के अनुसार मृतका की पहचान 24 वर्षीय रिया सेन, पति सुभम सेन के रूप में हुई है। बताया जाता है कि दंपति के बीच आपसी विवाद की स्थिति अक्सर बनी रहती थी। पारिवारिक तनाव के कारण रिया मानसिक रूप से काफी परेशान रहती थी। मिली जानकारी के अनुसार बीती देर रात रिया ने घर में दुपट्टे के सहारे फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना की सूचना मिलते ही परिजनों और आसपास के लोगों में कोहराम मच गया। मृतका अपने पीछे मात्र एक वर्ष की मासूम बच्ची छोड़ गई है, जो अब मां के स्नेह से वंचित हो गई। ग्रामीणों के अनुसार पारिवारिक झगड़े को लेकर पति-पत्नी के बीच कई बार विवाद होता था। घटना की जानकारी मिलने पर मसलिया थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस ने मामले की छानबीन शुरू कर दी है। इधर, गांव में इस दर्दनाक घटना से शोक की लहर दौड़ गई है। लोग परिवार के भीतर की खींचतान और कलह को एक युवा महिला की मौत की वजह बताते हुए दुख प्रकट कर रहे हैं। इस घटना ने एक बार फिर समाज में घरेलू विवादों और मानसिक तनाव से उपजे गंभीर परिणामों को उजागर कर दिया है। अब पुलिस जांच के बाद ही पूरे मामले की सच्चाई सामने आएगी।
पुलिस ने चलाया वाहन जांच अभियान
गोपीकांदर/निज संवाददाता। दुमका-पाकुड़ मुख्य मार्ग के गोपीकांदर थाना गेट के सामने पुलिस ने वाहन जांच अभियान चलाया। पुलिस के वाहन जांच शुरू करते ही वाहन चालकों में हड़कंप मच गई। थाना प्रभारी सुमित कुमार भगत के नेतृत्व में वाहनों की जांच किया गया। जांच में दो पहिया से लेकर 18 पहिया वाहनों का चालान काटा गया। बड़े वाहनों चालक सीट बेल्ट और बाइक का बगैर हेलमेट के सवार कर रहे चालकों का चालान काटा गया। दो पहिया वाहनों की डिक्की, हेलमेट व कागजात की जांच की गई। आठ वाहनों का चालान काटा गया। जिसमें पांच का ऑफ लाइन और तीन का ऑनलाइन चालान काटा गया। वाहन चेकिंग अभियान में एसआइ धर्मल मांझी, बृजमोहन सिंह, सत्यम कुमार और सहायक पुलिसकर्मी मौजूद र्थे।
आजसू के प्रखंड अध्यक्ष ने पथ समस्या पर डीसी को किया ट्वीट
रानेश्वर/निज संवाददाता। आजसू पार्टी के रानेश्वर प्रखंड के प्रखंड अध्यक्ष मनोज राय ने गुरुवार को दुमका जिला के डीसी को एक्स हैंडल में ट्वीट कर रानेश्वर प्रखंड के पथ समस्या का जानकारी दिया है। मनोज ने ट्वीट करते हुए लिखा है कि रानेश्वर प्रखंड के सादीपुर पंचायत के खुशदिलपुर का एक मात्र मुख्य सड़क जर्जर होने के कारण आवागन में काफी दिक्कत होती है। मनोज ने इस मामले में पहल करने का मांग किया है।
लगातार हुई बारिश से करेला खेती प्रभावित
मसलिया/निज संवाददाता। लगातार हो रही बारिश से जहा जनजीवन अस्त व्यस्त हैं वही करेला जैसे फसल (सब्जी)की उपज में भारी मात्रा कमी आई है। प्रखंड क्षेत्र के गुमरो, बास्कीडीह, मसानजोर के संयुक्त सीमा अवस्थित 150 बीघा जमीन में फैला सुसनिया डेंगाल में जिले भर में सबसे ज्यादा करेला फसल की खेती किया जाता है,जहा से देवघर, जामताड़ा, धनबाद, गिरिडीह, महिजाम,दुमका के अलावे पश्चिम बंगाल व बिहार के विभिन्न जिलों में काफी मात्रा करेला की निर्यात किया जाता है। परंतु इस वर्ष लगभग 80 बीघा जमीन पर खेती हो पाई है। किसान काजल रजक, संजय रजक, श्यामसुंदर सिंह, किंकर महतो, भीम सिंह, संजय पंडित, ममित पंडित, रामधन सिंह आदि ने बताया कि यहा के किसान मुख्य रूप से धान और करेला फसल की खेती करते हैं जो इनके आय का प्रमुख स्रोत है। लगातार बारिश के कारण मिट्टी गिला होने से एक तिहाई किसान करेला का खेती नही कर पाया है। बाकी किसानों ने हाइब्रिड करेला बीज,उर्वरक,कीटनाशक दवाई आदि धान बेचकर बाजार से महँगे दर से खरीद कर इस आस में लगाया था कि अच्छा मुनाफा कमाएंगे, परंतु कई किसानों का बोया हुआ करेला बीज मिट्टी अंदर ही नष्ट हो गया है कुछ किसानों का नष्ट होने के कागार पर है हालांकि कुछ किसानों ने काफी संख्या में मजदूर लगाकर जल निकासी नाली और करेला लत चढ़ाने के लिए माचान का निर्माण करवाया है लेकिन करेला का फलन बहुत कम मात्रा में हो रहा है इससे अनुमानित हैं कि किसानों के द्वारा किया गया खर्च भी नहीं आयेगा उक्त किसानों ने प्रसाशन से हुई क्षतिपूर्ती का मंगा किया है।
तसर कृषकों को दिया गया प्रशिक्षण
गोपीकांदर/निज संवाददाता। अग्र परियोजना केंद्र में मेरा रेशम मेरा अभिमान के तहत प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न गांवों के रेशम कीटपालक कृषकों का एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। सहायक उद्योग निदेशक रेशम कार्यालय पीपीसी गोपीकांदर और केंद्रीय रेशम बोर्ड क्षेत्रीय रेशम उत्पादन अनुसंधान केंद्र दुमका के अधिकारियों, कर्मचारियों एवं कर्मियों के संयुक्त सहयोग से गोपीकांदर पीपीसी कैंपस में एक दिवसीय कृषक प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन हुआ। प्रशिक्षण कार्यक्रम में कुल छह गांव डूमरतला, बासपहाड़ी, नामोडीह, बड़ापाथर, दलदली और चीरापाथर से 40 कृषक शामिल हुए। प्रशिक्षण में विशेषज्ञ के रूप में केंद्रीय रेशम बोर्ड केंद्रीय तसर अनुसंधान एवं प्रशिक्षण संस्थान रांची के वैज्ञानिक डॉक्टर शांताकार गिरी ने तसर खाद्य पौधों का पौधारोहण तथा पोषण प्रबंधन के बारे में विस्तार से कृषकों को जानकारी दिया। कार्यक्रम में उपस्थित सभी 40 कृषकों के बीच तसर रेशम उत्पादन में ध्यान देने योग्य बातें नामक प्रसार पुस्तिका का वितरण किया गया। प्रदर्शनी चार्ट के माध्यम से तथा प्रौद्योगिकियों के बारे में कृषकों को अवगत कराया गया। कार्यक्रम में परियोजना प्रबंधक अमित कुमार महतो, परियोजना सहायक राकेश कुमार रजक, मधुसूदन मोहली, सत्यानंद देहरी, विश्वजीत मंडल, दुर्गा देहरी, एरिक्सन बेसरा, पृथ्वी देहरी, होपना मरांडी, सिनाई देहरी आदि मौजूद थे।
सरकारी स्कूल में छाया पेयजल संकट
बासुकीनाथ/निज संवाददाता उत्क्रमित उच्च विद्यालय बनवारा के प्राइमरी एवं अपर प्राइमरी कैंपस में पेयजल समस्या विकट हो गया है। विद्यालय में पेयजल संकट गहरा जाने से छात्रों को दिए जाने वाले मध्यान भोजन पर भी संकट मंडराने लगा है। स्कूल परिसर में स्थित दोनों चापाकल के खराब हो जाने से पीने से लेकर मध्यान भोजन बनाने तक में स्कूल प्रबंधन को काफी कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। इस सिलसिले में प्रधानाध्यापक राजू कुमार दास द्वारा प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारी को पत्र प्रेषित कर चापाकल शीघ्र मरम्मत करने की गुहार लगाई गई है। जिससे विद्यालय में उत्पन्न पेयजल जैसी ज्वलंत समस्या का निदान ढूंढते हुए विद्यार्थियों एवं शिक्षकों के परेशानी को दूर किया जा सके। ताकि विद्यालय में छात्रों को मध्यान भोजन के साथ स्वच्छ पानी सुचारू रूप से मिलता रहे।
स्व लाल बाबा हेम्ब्रम मेमोरियल फुटबॉल टूर्नामेंट में बीर बयार दुमका टीम बनी विजेता
पेनाल्टी शुटआउट से हुआ निर्णय, बीर बयार की टीम ने ब्लैक टाईगर वन-वन, पाकुड़ की टीम को हराया
दुमका/निज संवाददाता। स्व लाल बाबा हेम्ब्रम के स्मृति में आयोजित तीन दिवसीय फुटबॉल टूर्नामेंट स्व लाल बाबा हेम्ब्रम मेमोरियल फुटबॉल चैंपियनशीप टूर्नामेंट गुरूवार को संपन्न हुआ। टूर्नामेंट के फाईनल मैच बीर बयार दुमका की टीम ने पेनाल्टी शूट आउट से विजेता टीम बनी। फाईनल मैच बीर बयार दुमका बनाम ब्लैक टाईगर वन-वन पाकुड़ आयोजित हुई। रोमांचक मैच में दोनों टीम 1-1 की गोल कर बराबरी पर रही। अंत में मैच का परिणाम ट्राईब्रेकर पेनाल्टी शूटआउट से तय हुआ। टूर्नामेंट में बीर बयार, दुमका की टीम विजेता एवं ब्लैक टाईगर वन-वन पाकुड़ के बीच आयोजित हुई। विजेता टीम को प्रथम पुरस्कार के रूप में 2.5 लाख नगद चेक एवं कप से सम्मानित किया गया। उपविजेता टीम को 2 लाख नगद चेक एवं कप देकर सम्मानित किया गया। तीसरे एवं चैथे स्थान पर रहने वाले टीम को 50-50 हजार रूपये नगद देकर सम्मानित किया गया। सम्मानित मुख्य अतिथि लाल बाबा हेम्ब्रम के वंशज सुखी सोरेन एवं पौत्र लाल बाबू हेम्ब्रम, छात्र नेता श्यामदेव हेम्ब्रम के हाथों सम्मानित किया गया। इससे पहले सेमीफाईनल मैच बीर बयार, दुमका बनाम हेम्ब्रम स्टोन खगाचुंआ, पाकुड़ के बीच आयोजित हुई। जिसमें निर्णय 3-1 के गोल से हुआ। फाईनल में बीयर बयार की टीम पहुंची। दूसरा सेमिफाईनल मैच ब्लैक टाईगर वन-वन पाकुड़ बनाम आकाश एलेवन के बीच हुई। जिसमें आकाश एलेवन को 3.2 से हराकर ब्लैक टाईगर वन-वन, पाकुड़ की टीम फाईनल में पहुंची। यहां बता दें कि प्रत्येक साल एसपी कॉलेज के पीजी ग्राउंड में संताल परगना के प्रथम सांसद सह एसपी कॉलेज संस्थापक स्व लाल बाबा हेम्ब्रम के स्मृति में फुटबॉल टूर्नामेंट आयोजित होती है। टूर्नामेंट का आयोजन स्व लाल बाबा हेम्ब्रम के चित्र पर वंशज ने पुष्पर्पित कर टूर्नामेंट का उद्घाटन किया। टूर्नामेंट के सफल आयोजन में आयोजन समिति अध्यक्ष बिमल कुमार टुडू, सचिव अनुप हांसदा, उपाध्यक्ष कैराप किशोर मुर्मू, कोषाध्यक्ष संजय हांसदा, एमानवेल हेम्ब्रम, राजीव बास्की, ठाकुर हांसदा, सुलीश सोरेन, शनिलाल हांसदा आदि मौजूद थे।
रक्तदान जीवनदान
डीसी अभिजीत सिन्हा ने किया दुमका ब्लड बैंक का निरीक्षण
कहा प्रशासन का दायित्व है रक्त की किसी भी स्थिति में कमी न हो
खराब पाया गया ब्लड बैंक का फ्रिज, दुरूस्त करवाने का दिया निदेश
दुमका/नगर संवाददाता। उपायुक्त अभिजीत सिन्हा ने गुरूवार को दुमका ब्लड बैंक का निरीक्षण किया और रक्त के कलेक्सन, उसकी जांच, उसके स्टोरेज आदि की व्यवस्था का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने सिविल सर्जन को निर्देश दिए कि जिले के विभिन्न क्षेत्रों में नियमित रूप से रक्तदान शिविर आयोजित किए जाएँ, ताकि मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध हो सके। उन्होंने यह भी कहा कि ब्लड बैंक में रक्त की उपलब्धता की सूची हमेशा अद्यतन रहे और डॉक्टर तथा स्टाफ की ड्यूटी का शेड्यूल स्पष्ट रूप से दर्ज हो। इसके साथ ही बायोमैट्रिक उपस्थिति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उपायुक्त ने कहा कि रक्तदान शिविरों के आयोजन के लिए सिविल सर्जन एक कैलेंडर तैयार कराएँ, जिससे पूरे जिले में योजनाबद्ध तरीके से शिविर लगाए जा सकें। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि ब्लड बैंक का फ्रिज खराब है, जिसे शीघ्र दुरुस्त कराने के आदेश दिए गए। साथ ही, पीजेएमसीएच के सुप्रिटेंडेंट को यह सुनिश्चित करने के लिए निर्देशित किया गया कि सभी आवश्यक मशीनें कार्यशील स्थिति में उपलब्ध रहें। उपायुक्त ने कहा कि रक्तदान जीवनदान है। प्रशासन का दायित्व है कि रक्त की किसी भी स्थिति में कमी न होने पाए। इस अवसर पर उन्होंने जनसामान्य से भी अपील करते हुए कहा कि लोग आगे बढ़कर स्वेच्छा से रक्तदान करें और मानवीय जीवन बचाने के इस महाअभियान से जुड़ें।
दुमका में विभिन्न प्रखंडों में लगाए जाएंगे रक्तदान शिविर
दुमका। उपायुक्त के निर्देश पर दुमका में रक्त की उपलब्धता को सुनिश्चित करने और किसी भी आकस्मिक स्थिति में रक्त की कमी को दूर करने के उद्देश्य से, जिला प्रशासन द्वारा आगामी माह में जिले के विभिन्न प्रखंडों एवं अनुमंडलों में रक्तदान शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। 10 शिविरों की तिथि एवं स्थान निर्धारित कर दिए गए हैं। रक्तदान शिविरों की शुरुआत 25 अगस्त को प्रखंड सहअंचल कार्यालय, मसलिया से होगी। इसके पश्चात 1 सितंबर को जरमुंडी, 8 सितंबर को शिकारीपाड़ा, 15 सितंबर को रामगढ़, 23 सितंबर को जामा, 3 अक्टूबर को काठीकुंडी, 10 अक्टूबर को सरैयाहाट, 17 अक्टूबर को रानीश्वर, 24 अक्टूबर को गोपीकांदर तथा 31 अक्टूबर को दुमका जिला मुख्यालय में रक्तदान शिविर का आयोजन किया जाएगा।
पाँच से छह हजार रुपये में बिक रहा है रक्त
दुमका। दुमका ब्लड बैंक में रक्त की उपलब्धता नहीं होने के कारण सदर अस्पताल में खून के दलाल सक्रिय हो गये हैं। जिन मरीजों को रक्त की जरूरत होती है उनसे यह दलाल रक्तदान के एवज में पांच से छह हजार रुपये तक लेते हैं। प्रोफेसनर रक्तदाता आमतौर पर रूपयों के लिए प्रत्येक माह और यहां तक कि एक माह में दो बार रक्तदान करने पहुंच जाते हैं। स्वैच्छिक रक्तदाता के एक यूनिट रक्त से जहां मरीज का हिमोग्लोबिन 2 से 2.5 ग्राम बढद्य जाता है वहीं प्रोफेसनल रक्तदाता के एक यूनिट रक्त से 1 ग्राम से अधिक एचबी नहीं बढ़ता है। दुमका जिले में लगभग 60 थैलेसीमिया मरीजों के ब्लड बैंक से जुड़े होने और हाल के वर्षों में रक्त के मांग के अनुपात में रक्तदान शिविर कम आयोजित होने के कारण दुमका के ब्लड बैंक में आयचे दिन रक्त की उपलब्धता शून्य हो जा रही है जिसका फायदा दलाल खून बेचकर उठा रहे हैं।