- नगर परिषद ने तेज की तैयारी, घाटों की सफाई से लेकर रोशनी और सुरक्षा व्यवस्था पर विशेष जोर
मधुपुर/संवाददाता। लोक आस्था के महापर्व छठ पूजा को लेकर मधुपुर नगर परिषद ने तैयारियां तेज कर दी हैं। छठ व्रतियों एवं श्रद्धालुओं की सुविधा, स्वच्छता और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए शहर के सभी प्रमुख छठ घाटों पर आवश्यक व्यवस्थाएं की जा रही हैं। इस संबंध में नगर परिषद के उपाध्यक्ष ऋषभ भारद्वाज ने कहा कि छठ पर्व को लेकर नगर परिषद पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
उन्होंने बताया कि नगर परिषद की ओर से छठ घाटों की साफ-सफाई, पर्याप्त रोशनी की व्यवस्था और घाटों के आसपास स्थित गड्ढों को भरने सहित अन्य जरूरी कार्य कराए जा रहे हैं। इसके अलावा छठ पूजा समितियों के साथ समन्वय स्थापित कर व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने का प्रयास किया जा रहा है। उपाध्यक्ष ने कहा कि नगर परिषद की पूरी टीम पर्व के दौरान श्रद्धालुओं को हरसंभव सहयोग देने के लिए तत्पर रहेगी। हमारा प्रयास है कि छठ व्रतियों और श्रद्धालुओं को घाटों पर किसी प्रकार की परेशानी नहीं हो। सभी लोग स्वच्छ, सुरक्षित एवं व्यवस्थित वातावरण में श्रद्धा और आस्था के साथ महापर्व मना सकें। उन्होंने शहरवासियों से भी अपील की कि छठ घाटों की स्वच्छता बनाए रखने और बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित करने में नगर परिषद का सहयोग करें। उन्होंने कहा कि आम लोगों की सहभागिता ही किसी भी आयोजन को सफल बनाने की सबसे बड़ी ताकत है। नगर परिषद प्रशासन छठ पूजा को लेकर सभी आवश्यक तैयारियां समय पर पूरी करने में जुटा है।
नीड्स ने मनाया 28वां स्थापना दिवस, साझा की विकास यात्रा और उपलब्धियां
- ‘टुगेदर वी ग्रो बिग’ थीम पर आयोजित समारोह में समुदाय की भागीदारी और भविष्य की रणनीति पर हुई चर्चा
- सामुदायिक रेडियो 89.6 एफएम से हुआ सीधा प्रसारण
सारवां/संवाददाता। नीड्स संस्था ने शुक्रवार को मधुवाडीह, सारवां स्थित रतन टाटा रूरल टेक्नोलॉजी पार्क परिसर में अपना 28वां स्थापना दिवस उत्साह और गरिमामय वातावरण में मनाया। ‘टुगेदर वी ग्रो बिग’ थीम पर आयोजित समारोह में संस्था की 28 वर्षों की विकास यात्रा, उपलब्धियों और सामुदायिक बदलावों को साझा किया गया। स्थापना दिवस सात नवंबर को है, लेकिन इस वर्ष समारोह छह नवंबर को आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में जिला जनसंपर्क पदाधिकारी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। मौके पर थाना प्रभारी, संस्था की बोर्ड सदस्य उर्मी राय, प्रखंड कृषि पदाधिकारी रोशन जी, विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधि, जनप्रतिनिधि और सामाजिक संगठनों के सदस्य उपस्थित थे। समारोह का शुभारंभ दीप प्रज्वलन और स्वागत संबोधन के साथ हुआ। वर्ष 1998 में स्थापित संस्था पिछले 28 वर्षों से झारखंड और आसपास के क्षेत्रों में वंचित एवं कमजोर समुदायों के सामाजिक-आर्थिक सशक्तिकरण के लिए कार्य कर रही है। आजीविका, उद्यमिता, जलवायु अनुकूलन, जल एवं स्वच्छता, स्वास्थ्य, पोषण, महिला-बाल सशक्तिकरण, शिक्षा और सामाजिक समावेशन इसके प्रमुख कार्यक्षेत्र हैं। समारोह में संस्था के पुराने और नए सदस्यों ने अपने अनुभव साझा किए। वहीं, समुदाय के प्रतिनिधियों ने संस्था से जुड़कर आए सकारात्मक बदलावों की कहानियां सुनाईं। विभिन्न विषयगत स्टॉल और सामुदायिक सुविधा केंद्रों के माध्यम से परियोजनाओं की जानकारी दी गई। वर्ष 2030 तक की विकास प्राथमिकताओं और चुनौतियों पर विशेष पैनल चर्चा भी हुई। कार्यकारी निदेशक मुरारी मोहन चौधरी ने कहा कि संस्था की 28 वर्षों की यात्रा समुदायों, सरकारी प्रतिनिधियों, साझेदारों और टीम सदस्यों के सामूहिक प्रयासों का परिणाम है। समारोह का सीधा प्रसारण सामुदायिक रेडियो 89.6 एफएम से किया गया। समापन केक कटिंग, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों, दीपावली उत्सव और धन्यवाद ज्ञापन के साथ हुआ।
24 नवंबर से कल्याणपुर में सजेगा भव्य रासमेला, श्री विष्णुयज्ञ का होगा आयोजन
- श्रीकृष्ण जन्मोत्सव से कंस वध तक दिखेंगी आकर्षक झांकियां
- 1981 से चली आ रही परंपरा को मिलेगा भव्य स्वरूप, सामाजिक जागरूकता के संदेश भी दिए जाएंगे
देवघर/नगर संवाददाता। आस्था, भक्ति और सांस्कृतिक परंपरा का संगम एक बार फिर कल्याणपुर में देखने को मिलेगा। सार्वजनिक देवघर नगर रासमेला समिति की ओर से 24 से 30 नवंबर तक कल्याणपुर में सात दिवसीय भव्य श्री विष्णुयज्ञ सह रासमेला का आयोजन किया जाएगा। मेले में भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव, बाल लीलाओं, रासलीला से लेकर कंस वध तक की आकर्षक झांकियां प्रस्तुत की जाएंगी। आयोजन के शुभारंभ पर भव्य शोभायात्रा भी निकाली जाएगी।
आयोजन की जानकारी देने के लिए समिति की ओर से कल्याणपुर स्थित कार्यालय में अध्यक्ष रमन श्रीवास्तव की अध्यक्षता में प्रेसवार्ता आयोजित की गई। अध्यक्ष ने बताया कि इस वर्ष श्री विष्णुयज्ञ और रासमेला को पहले से अधिक भव्य स्वरूप देने की तैयारी की जा रही है। उन्होंने कहा कि रासमेला धार्मिक और सांस्कृतिक परंपरा का प्रतीक है। इसके माध्यम से आपसी एकता, सामाजिक सद्भाव और धार्मिक चेतना को मजबूत करने का प्रयास किया जाएगा। समिति के उपाध्यक्ष कर्मवीर वर्मा ने बताया कि कल्याणपुर रासमेला की परंपरा वर्ष 1981 में तत्कालीन वाइस चेयरमैन एवं वार्ड कमिश्नर स्वर्गीय डेगलाल वर्मा ने शुरू की थी। समिति उसी विरासत को आगे बढ़ाते हुए आयोजन को व्यापक स्वरूप दे रही है। सचिव डॉ. अमर राम ने कहा कि इस बार धार्मिक आयोजन के साथ सामाजिक जागरूकता पर भी विशेष जोर रहेगा। लोगों को स्वच्छता, सार्वजनिक स्थलों पर धूम्रपान से परहेज, सड़क सुरक्षा, दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट पहनने और दुर्घटना में घायलों की तत्काल सहायता करने के प्रति जागरूक किया जाएगा। साथ ही रक्तदान को बढ़ावा देने, विद्यार्थियों को पढ़ाई के लिए अनुकूल वातावरण देने और बच्चों के प्रति संवेदनशील व्यवहार अपनाने का संदेश दिया जाएगा। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों को भगवान श्रीकृष्ण के जीवन और गीता के उपदेशों से परिचित कराने की अपील की। प्रेसवार्ता में उपाध्यक्ष सूरज दयाल चंद्रवंशी, कोषाध्यक्ष अंकित कुमार राज, महामंत्री मुन्ना वर्मा, संरक्षक अमरेश ज्योति, उपसचिव उदयशंकर, मीडिया प्रभारी रंजीत कुमार सहित समिति के अन्य पदाधिकारी और सदस्य मौजूद थे।
गीता देवी डीएवी स्कूल में दीपावली और छठ महापर्व पर सांस्कृतिक कार्यक्रमों की धूम
देवघर/संवाददाता। गीता देवी डीएवी पब्लिक स्कूल, भंडारकोला में दीपावली एवं छठ महापर्व के अवसर पर कक्षा तृतीय से द्वादश तक के विद्यार्थियों ने भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। कार्यक्रम में भारतीय संस्कृति, परंपरा, आस्था और लोकजीवन की मनमोहक झलक देखने को मिली। इस दौरान विद्यार्थियों ने दीपावली पर आधारित गीत, छठ गीत और छठ नृत्य नाटिका प्रस्तुत कर दर्शकों का मन मोह लिया। भगवान श्रीराम के अयोध्या आगमन पर आधारित गीत और नृत्य नाटिका ने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों में भारतीय संस्कृति और धार्मिक परंपराओं के प्रति श्रद्धा और उत्साह झलका।
मौके पर रामायण थीम पर अंतरसदनीय प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया। इसमें विभिन्न सदनों के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। अपनी प्रस्तुतियों के माध्यम से विद्यार्थियों ने रामायण के आदर्शों, मर्यादा, त्याग, सत्य और धर्म के संदेशों को जीवंत किया। प्रतियोगिता के निर्णायक मंडल में अभिषेक सूर्य, संगीता बनर्जी और निधि शामिल थीं। विद्यालय के प्राचार्य मोहम्मद मुस्तफा मजीद ने विद्यार्थियों की प्रतिभा, रचनात्मकता और सांस्कृतिक अभिव्यक्ति की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों को भारतीय संस्कृति और परंपराओं से जोड़ने के साथ उनमें नैतिक मूल्यों, अनुशासन और सामाजिक सद्भाव का विकास करते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को अपनी सांस्कृतिक विरासत पर गर्व करने तथा उसके संरक्षण एवं संवर्धन के लिए प्रेरित किया। इसकी जानकारी विद्यालय के मीडिया प्रभारी अभिषेक सूर्य ने दी।
रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के साथ 52वें कब-बुलबुल उत्सव का समापन
- बच्चों की प्रस्तुतियों ने मोहा मन, विजेताओं को किया गया पुरस्कृत
- एसडीओ राजीव कुमार ने कहा, ऐसे आयोजन बच्चों के सर्वांगीण विकास में सहायक
मधुपुर/संवाददाता। स्थानीय बावन बीघा स्थित रेलवे स्टेट ट्रेनिंग पार्क में पूर्वी रेलवे भारत स्काउट्स एंड गाइड्स की ओर से आयोजित तीन दिवसीय 52वें कब-बुलबुल उत्सव का शुक्रवार को रंगारंग समापन हुआ। अंतिम दिन बच्चों ने व्यायाम सत्र, मनोरंजक गतिविधियों और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों में उत्साहपूर्वक भाग लिया। ‘विलेज धमाका’ कार्यक्रम ने उत्सव में उमंग और मनोरंजन का रंग भर दिया। समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में मधुपुर एसडीओ राजीव कुमार उपस्थित थे। समारोह की शुरुआत पारंपरिक ग्रैंड हाउल के साथ हुई। इसके बाद विभिन्न जिलों से आए नन्हे प्रतिभागियों ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए। आसनसोल जिले के बच्चों ने नृत्य, चित्तरंजन लोकोमोटिव वर्क्स की टीम ने नृत्य, मालदा जिले के प्रतिभागियों ने नाटक और कांचरापाड़ा जिले की टीम ने आकर्षक नृत्य प्रस्तुत कर खूब तालियां बटोरीं। इस अवसर पर पुरस्कार वितरण समारोह भी आयोजित किया गया। फानूस फ्लाइंग प्रतियोगिता में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया गया। इसके अलावा ग्रेडेशन प्रमाणपत्र, उत्सव स्मृति चिह्न और प्रतिष्ठित कब-बुलबुल प्रतियोगिता शील्ड प्रदान की गई। एसडीओ राजीव कुमार ने कहा कि ऐसे आयोजन बच्चों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। इससे उनमें अनुशासन, नेतृत्व क्षमता, रचनात्मकता, सहयोग और टीम भावना विकसित होती है। उन्होंने बच्चों को अपनी प्रतिभा निखारने का अवसर देने के लिए पूर्वी रेलवे भारत स्काउट्स एंड गाइड्स के प्रयासों की सराहना की। तीन दिवसीय उत्सव ने बच्चों को नई चीजें सीखने, प्रतिभा प्रदर्शित करने और विभिन्न जिलों के प्रतिभागियों से मित्रता बढ़ाने का अवसर दिया। आपसी सौहार्द और स्काउटिंग की भावना के साथ उत्सव का समापन हुआ।
धनतेरस पर पालोजोरी बाजार में जमकर हुई खरीदारी
- दुकानों में ग्राहकों की भीड़, इलेक्ट्रॉनिक सामान पर मिले आकर्षक ऑफर
- युवाओं में आईफोन का क्रेज, झाड़ू की भी खूब हुई बिक्री
पालोजोरी/संवाददाता। धनतेरस के अवसर पर शुक्रवार को पालोजोरी बाजार में जमकर खरीदारी हुई। सुबह से ही बाजार की दुकानों में ग्राहकों की चहल-पहल शुरू हो गई थी। ज्वेलरी, इलेक्ट्रॉनिक्स, इलेक्ट्रिकल सामान और बर्तनों की दुकानों पर लोगों की भीड़ उमड़ी। दुकानदारों ने भी ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए कई तरह के ऑफर दे रखे थे। इलेक्ट्रॉनिक सामान और गैजेट्स की खरीदारी पर विशेष छूट एवं आकर्षक ऑफर का ग्राहकों ने लाभ उठाया। धनतेरस को लेकर युवाओं में आईफोन का खास क्रेज देखने को मिला। कई युवाओं ने आईफोन 15 से लेकर आईफोन 18 तक के मॉडल खरीदे। वहीं, परंपरा के अनुसार लोगों ने झाड़ू की भी जमकर खरीदारी की। शाम होते-होते बाजार में भीड़ और बढ़ गई। दुकानदारों के अनुसार धनतेरस को लेकर ग्राहकों में खासा उत्साह रहा। दूसरी ओर, बाजार में भीड़ को देखते हुए पालोजोरी पुलिस प्रशासन भी सतर्क रहा। थाना प्रभारी संजय कुमार सुबह से ही बाजार क्षेत्र की विधि-व्यवस्था पर नजर बनाए हुए थे। पुलिस की सक्रियता के बीच लोगों ने उत्साह के साथ त्योहार की खरीदारी की।
सरस्वती विद्या मंदिर में बच्चों ने प्रस्तुत की छठ महापर्व की झांकी
- सूर्यदेव को अर्घ्य अर्पित कर की सुख-समृद्धि की कामना
- सांस्कृतिक कार्यक्रमों के जरिए नई पीढ़ी को परंपराओं से जोड़ने का प्रयास
देवघर/नगर संवाददाता। कुंडा स्थित उमा नलिनी ब्रह्म सरस्वती विद्या मंदिर में शुक्रवार को दीपावली एवं छठ महापर्व के अवसर पर विशेष धार्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान विद्यालय के भैया-बहनों ने छठ महापर्व पर आधारित आकर्षक झांकी और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से उपस्थित लोगों का मन मोह लिया। बच्चों ने अपनी प्रस्तुति के माध्यम से छठ पर्व की महत्ता, धार्मिक आस्था और लोक परंपराओं को जीवंत किया। कार्यक्रम में विद्यालय परिसर भक्तिमय वातावरण में सराबोर रहा। विद्यालय के प्रधानाचार्य मुकुल कुमार ने सभी विद्यार्थियों को दीपावली एवं छठ पर्व की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए भारतीय संस्कृति, धार्मिक आस्था और पारंपरिक मूल्यों को जीवन में अपनाने का संदेश दिया। इस अवसर पर विद्यालय के भैया-बहनों, आचार्यों एवं दीदी जी ने सामूहिक रूप से भगवान सूर्य को अर्घ्य अर्पित किया तथा स्वयं, परिवार और समाज की सुख-समृद्धि, शांति एवं मंगलमय जीवन की कामना की। आचार्य गौरव कापरी ने छठ पर्व से संबंधित पारंपरिक गीत प्रस्तुत कर माहौल को और भक्तिमय बना दिया। बच्चों की प्रस्तुतियों की अभिभावकों ने सराहना की। विद्यालय प्रबंधन ने बताया कि ऐसे आयोजनों का उद्देश्य नई पीढ़ी को सनातन संस्कृति, धार्मिक मान्यताओं और भारतीय परंपराओं से परिचित कराना है। कार्यक्रम को सफल बनाने में विद्यालय के सभी आचार्यों एवं दीदी जी का योगदान रहा।
दीपावली-छठ से पहले निगमकर्मियों को बकाया भुगतान, पेंशन भी जारी
- पांच साल से अधिक लंबित ग्रेच्युटी का 20 प्रतिशत और पांच साल से कम का 10 प्रतिशत भुगतान
- स्थायी व दैनिक कर्मचारियों को अक्टूबर तक वेतन, पेंशनभोगियों को सितंबर तक की पेंशन मिली
देवघर/नगर संवाददाता। दीपावली और छठ महापर्व से पहले देवघर नगर निगम प्रशासन ने स्थायी एवं दैनिक कर्मचारियों और सेवानिवृत्त कर्मियों को आर्थिक राहत दी है। नगर आयुक्त सुलोचना मीणा की पहल पर लंबे समय से लंबित ग्रेच्युटी के आंशिक भुगतान के साथ कर्मचारियों के वेतन और पेंशनभोगियों की पेंशन जारी कर दी गई है। नगर निगम की ओर से पांच वर्ष से अधिक समय से लंबित ग्रेच्युटी के मामलों में बकाया राशि का 20 प्रतिशत भुगतान किया गया है। वहीं, पांच वर्ष से कम अवधि से लंबित मामलों में 10 प्रतिशत राशि जारी की गई है। इसके अलावा स्थायी कर्मचारियों को अक्टूबर 2026 तक का वेतन और दैनिक वेतनभोगी कर्मचारियों को भी अक्टूबर माह तक का पारिश्रमिक भुगतान किया गया है। सेवानिवृत्त पेंशनभोगियों को सितंबर 2026 तक की पेंशन जारी की गई है। नगर आयुक्त सुलोचना मीणा ने कहा कि कर्मचारियों के हितों का ध्यान रखना और उनके वित्तीय दायित्वों का समय पर निष्पादन निगम प्रशासन की प्राथमिकता है। शहर की सफाई व्यवस्था और नागरिक सुविधाओं को सुचारु बनाए रखने में निगमकर्मियों की महत्वपूर्ण भूमिका है। उनके योगदान को देखते हुए त्योहार से पहले लंबित भुगतान की दिशा में यह पहल की गई है। निगम प्रशासन की इस पहल से कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को त्योहार के दौरान आर्थिक संबल मिलेगा। विशेष रूप से लंबे समय से ग्रेच्युटी भुगतान की प्रतीक्षा कर रहे सेवानिवृत्त कर्मियों को आंशिक राशि मिलने से राहत मिली है।
सनराइज मसाले ने फास्टो के साथ रसोइयों और कैटररों को दिया खाद्य सुरक्षा का प्रशिक्षण
- भोजन बनाने और परोसने में स्वच्छता व स्वास्थ्य संबंधी सावधानियों की दी गई जानकारी
- प्रतिभागियों के बीच जागरूकता किट का वितरण
पालोजोरी/संवाददाता। सनराइज मसाले और फास्टो संस्था की ओर से पालोजोरी एवं आसपास के क्षेत्रों के रसोइयों और कैटररों के लिए खाद्य सुरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। पालोजोरी के एक निजी गेस्ट हाउस में आयोजित इस कार्यक्रम में प्रशिक्षक मधु कुमारी ने भोजन तैयार करने से लेकर परोसने तक स्वच्छता और स्वास्थ्य संबंधी सावधानियों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य ही सबसे बड़ा धन है। इसलिए भोजन पकाने और परोसने की सुरक्षित विधियों को अपनाना बेहद जरूरी है। दूषित वातावरण में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है। किसी भी आयोजन में भोजन तैयार करने और परोसने के दौरान साफ-सफाई तथा स्वास्थ्य मानकों का पालन करना चाहिए। कार्यक्रम का आयोजन सनराइज मसाले के पालोजोरी क्षेत्र के विक्रेता अखिलेश गुप्ता के सहयोग से किया गया। इसमें शामिल रसोइयों और कैटररों को खाद्य सुरक्षा से जुड़े कई महत्वपूर्ण और बारीक पहलुओं की जानकारी दी गई। आयोजकों की ओर से प्रतिभागियों के बीच जागरूकता किट का भी वितरण किया गया। मौके पर सनराइज मसाले के प्रतिनिधियों के अलावा प्रेरक मनोज सिंह, जसवीर सिंह सन्नी, अजय शर्मा, संतोष साह, रविंद्र भगत, निखिल कर, प्रदीप साह मंटु, शिबू साह और बिट्टू त्रिवेदी सहित अन्य लोग उपस्थित थे।
डायट संकाय सदस्यों ने तीन विद्यालयों का किया औचक निरीक्षण
- शैक्षणिक माहौल, विद्यार्थियों की उपस्थिति और बुनियादी सुविधाओं का लिया जायजा
- कम उपस्थिति पर अभिभावकों से संपर्क करने का दिया निर्देश
सारठ/संवाददाता। निदेशक जेसीईआरटी के निर्देश के आलोक में जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट), देवघर के संकाय सदस्यों ने सारठ प्रखंड के विभिन्न विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान विद्यालयों के शैक्षणिक माहौल, विद्यार्थियों की उपस्थिति और आधारभूत संरचना का जायजा लिया गया। डायट के संकाय सदस्य मुकेश कुमार सिंह एवं अनुभूति ने उत्क्रमित उच्च विद्यालय बेलवरना, उत्क्रमित प्राथमिक विद्यालय महेशलिटी और उत्क्रमित प्राथमिक विद्यालय नीचे पिंडारी का निरीक्षण किया। इस दौरान बाल गणना पंजी, रेल प्रोजेक्ट की कॉपियां, विद्यार्थियों की उपस्थिति, पेयजल, शौचालय, आईसीटी लैब सहित अन्य बुनियादी सुविधाओं की जांच की गई। संकाय सदस्यों ने विद्यालय प्रबंधन को आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए। उत्क्रमित उच्च विद्यालय बेलवरना में निरीक्षण के दौरान अधिकांश विद्यार्थी स्कूल यूनिफॉर्म में नहीं मिले। इस पर संकाय सदस्यों ने बच्चों से बातचीत कर उन्हें नियमित रूप से निर्धारित पोशाक में विद्यालय आने के लिए प्रेरित किया। वहीं, विद्यार्थियों की कम उपस्थिति पर चिंता जताते हुए अभिभावकों से संपर्क कर बच्चों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। संकाय सदस्य मुकेश कुमार सिंह ने बताया कि विद्यालयों का निरीक्षण नियमित प्रक्रिया का हिस्सा है। विद्यालयों की व्यवस्था और शैक्षणिक गुणवत्ता बेहतर बनाने के लिए जमीनी स्थिति से अवगत होना आवश्यक है। मौके पर प्रभारी प्रधानाध्यापक दिलीप कुमार राय, सीआरपी मनोज कुमार सिंह सहित अन्य उपस्थित थे।